अपन श्रोत्रिय समाज
अपनेंक स्वागत अछि । अपनें सभ एहि बात सँ अवगत होयब जे सारस्वत-निकेतनम सदिखन संस्कृत आ श्रोत्रिय संस्कृतिक प्रचार-प्रसार में संलग्न अछि एकरे अंगभूत जाह्नवी संस्कृत ई जर्नल अछि जाहि में एहि बेर श्रोत्रिय समाजक योगदान संस्कृत सम्वर्द्धन में, ई स्वतन्त्र कालम राखल गेल अछि अपनें सँ निवेदन जे एहि बारे में जे जानकारी हो पठाबी। भाषा- हिन्दी, संस्कृत अथवा आंग्ल । पठेवाक पता- jahnavisanskritjournal@gmail.com
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